शादी के महज 8 महीने बाद मौत, निजी सचिव पर पत्नी की हत्या का आरोप, जांच शुरू
देहरादून| उत्तराखंड के देहरादून जिले से एक बेहद दुखद और सनसनीखेज मामला सामने आया है। देहरादून के डोईवाला थाना क्षेत्र स्थित हर्रावाला इलाके में एक नवविवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतका की मां की शिकायत पर पुलिस ने सचिवालय में निजी सचिव के पद पर कार्यरत पति, सास और ननद के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है और मामले की गहनता से जांच शुरू कर दी है। मृतका की पहचान सरकारी शिक्षिका सृष्टि कंडारी के रूप में हुई है।
दहेज और 'मनहूस' कहकर प्रताड़ित करने का गंभीर आरोप
मृतका के मायके पक्ष का आरोप है कि विवाह के बाद से ही सृष्टि को दहेज के लिए लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। मृतका की मां सीमा कंडारी ने डोईवाला थाने में तहरीर देते हुए बताया कि सृष्टि का विवाह नवंबर 2025 में हर्रावाला के दिल्ली फार्म निवासी सौरभ रतूड़ी के साथ हुआ था। आरोपी पति सचिवालय में निजी सचिव के पद पर तैनात है।
मां का आरोप है कि ससुराल पक्ष के लोग सृष्टि को अक्सर 'मनहूस' कहकर अपमानित करते थे। शादी के कुछ महीने बाद ससुर को हार्ट अटैक आने के बाद किसी पंडित के बहकावे में आकर ससुराल वालों ने उसे और अधिक प्रताड़ित करना शुरू कर दिया था। घटना से ठीक तीन दिन पहले ससुर का भी निधन हो गया था, जिसके बाद से उस पर मानसिक दबाव और अधिक बढ़ गया था।
मायके पक्ष को समय पर नहीं दी गई मौत की सूचना
सीमा कंडारी के अनुसार, 28 और 29 जुलाई को उनकी बेटी से फोन पर कोई संपर्क नहीं हो पाया था। जब उन्होंने एक परिचित को उसके घर भेजा, तब पता चला कि तबीयत खराब होने पर उसे अस्पताल ले जाया गया था। जब परिवार श्रीनगर से देहरादून पहुंचा, तब उन्हें सृष्टि की मौत की जानकारी मिली। मायके वालों का आरोप है कि ससुराल पक्ष ने जानबूझकर उन्हें घटना की सूचना समय पर नहीं दी और पूछने पर व्यस्तता का बहाना बनाया।
पुलिस कार्रवाई
डोईवाला की क्षेत्राधिकारी (सीओ) वंदना वर्मा ने इस मामले की जानकारी देते हुए बताया कि मृतका के पति सौरभ रतूड़ी, सास परवीना देवी और ननद चारू के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फोरेंसिक साक्ष्यों और अन्य तकनीकी सबूतों को आधार बनाकर निष्पक्ष जांच कर रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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